रांची : रिम्स में रोजाना 1.25 लाख रुपये तक का कारोबार कर रहे निजी जांच घरों के एजेंट

रिम्स को आर्थिक नुकसान पहुंचा रही है निजी जांच घरों के एजेंटों की फौज रांची : रिम्स के ओपीडी में हर दिन 1400 से ज्याद मरीज आते हैं. वहीं, विभिन्न वार्डों (इंडोर) में 1300 से ज्यादा मरीजों का इलाज चलता है. ओपीडी और भर्ती मरीजों में से रोजाना औसतन 900 मरीजों को पैथोलॉजिकल और रेडियोलॉजिकल […]

By Prabhat Khabar Digital Desk |
रिम्स को आर्थिक नुकसान पहुंचा रही है निजी जांच घरों के एजेंटों की फौज
रांची : रिम्स के ओपीडी में हर दिन 1400 से ज्याद मरीज आते हैं. वहीं, विभिन्न वार्डों (इंडोर) में 1300 से ज्यादा मरीजों का इलाज चलता है. ओपीडी और भर्ती मरीजों में से रोजाना औसतन 900 मरीजों को पैथोलॉजिकल और रेडियोलॉजिकल जांच का परामर्श दिया जाता है. अस्पताल परिसर में सेंट्रल ब्लड कलेक्शन सेंटर, सेंट्रल पैथोलॉजी, बॉयोकेमेस्ट्री, लैब मेडिसिन, पैथोलॉजी, माइक्रोबॉयोलॉजी और सरकार द्वारा चयनित निजी जांच एजेंसी मेडॉल मौजूद हैं. ज्यादातर मरीज यहीं जांच कराते हैं.
हालांकि, सूत्र बताते हैं कि अस्पताल परिसर में सक्रिय निजी जांच घरों के एजेंट रोजाना करीब 250 से ज्यादा मरीजों को अस्पताल से बाहर सटीक और जल्द जांच रिपोर्ट देने के नाम पर बरगला कर ले जाते हैं.
अगर मान लिया जाये कि निजी जांच घर में एक मरीज की पैथोलॉजिकल या रोडियोलॉजिकल जांच औसतन 500 रुपये में होती है, तो एजेंट 1.25 लाख रुपये से ज्यादा का कारोबार प्रतिदिन कर लेते हैं.
ऐसे जाल में फंसाते हैं एजेंट
निजी जांच घरों के एजेंट रिम्स के जांच घरों के साथ-साथ ओपीडी में घूमते रहते हैं. वे मरीज और उनके परिजन को अपने जाल में फंसाने का हर कोशिश करते हैं. वे रिम्स की व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए देर से रिपोर्ट मिलने की बात कर मरीजों को अपने जाल में फंसा लेते हैं.
रिम्स के कर्मचारी भी शामिल
निजी जांच घरों के एजेंट तो मरीजों को ठगते ही हैं, रिम्स के कर्मचारी भी इस खेल में शामिल हैं. जैसे ही डॉक्टर मरीज को जांच की सलाह देते हैं, कर्मचारी अपनी सलाह देने लगते हैं. बाहर के निजी जांच घर के बारे में जानकारी के साथ पता भी बताते हैं. यहां तक कहते हैं कि रिम्स में रिपोर्ट मिलने में देर होगी.
900 मरीजों को औसतन रोजाना जांच का परामर्श देते हैं रिम्स के डॉक्टर
250 से ज्यादा मरीजों को बरगला कर निजी जांच घर में ले जाते हैं एजेंट
नोट : रिम्स के इन जांच घरों में कई ऐसी पैथोलॉजिकल या रेडियोलॉजिकल जांच भी रियायती दर पर की जाती है, जिसके लिए निजी जांच घर 3500 से 5000 रुपये तक वसूलते हैं. एक दिन में अगर दर्जन भर मरीज किसी एजेंट के हाथ लग गये, तो उसके वारे न्यारे हो जाते हैं.
रिम्स के किस जांच घर में कितनी जांच होती है रोजाना
सेंट्रल ब्लड कलेक्शन सेंटर 250
सेंट्रल पैथोलॉजी 150
लैब मेडिसिन 100
पैथोलॉजी 50
बॉयोकेमेस्ट्री 50
माइक्रोबॉयोलॉजी 100
रेडियोलॉजी 200
मेडॉल 300 से ज्यादा
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