रांची : एक नवंबर से जिन वाहनों की फिटनेस जांच की गयी थी, उनका प्रमाण पत्र वाहन मालिकों को नहीं दिया गया है. इस वजह से रांची जिले में बिना फिटनेस प्रमाण पत्र के 500 वाहन चल रहे हैं.
वाहनों का फिटनेस प्रमाण पत्र जारी किये जाने को लेकर फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की ओर से मंगलवार को परिवहन विभाग के प्रधान सचिव को पत्र सौंपा गया है. इसमें बस ट्रांसपोर्ट उपसमिति के चेयरमैन अनीश बुधिया, राेड ट्रांसपोर्ट उप समिति के चेयरमैन सुनील सिंह चौहान अौर अध्यक्ष दीपक कुमार मारू ने सुझाव दिये हैं.
कहा है कि जब तक टीयूवी की व्यवस्था कारगर नहीं हो जाती है, तब तक एमवीआइ से वाहनों का फिटनेस प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया चालू रखी जाये. केंद्र सरकार की अधिसूचना के तहत पूर्ण निर्मित वाहनों का सीधे निबंधन आैर आठ वर्ष तक के वाहनों का दो वर्षों का फिटनेस प्रमाण पत्र देना सुनिश्चित किया जाये. साथ ही टीयूवी द्वारा जारी वाहनों के फिटनेस प्रमाण पत्र पर एमवीआइ के हस्ताक्षर की व्यवस्था समाप्त की जाये.