त्रबाढ़ से नौ लाख हेक्टेयर से अधिक भूमि खराब हुईगुवाहाटी. असम के कृषि मंत्री नीलमणि सेन डेका ने बुधवार को विधानसभा को बताया कि इस वर्ष बारिश की कमी के कारण राज्य के 14 जिलों मेंं सूखे जैसी स्थिति है. उन्होंने कहा कि अभी तक 12 जिलों में सामान्य सामान्य बारिश हुई है और राज्य के 14 जिलों में सूखे जैसी स्थिति है. सूखे की स्थिति के कारण राज्य के संसाधनों में कमी आयी है और इससे खाद्यान्न उत्पादन प्रभावित हो सकता है. उन्होंने कहा कि असम में उपजा धान पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश चला जाता है. डेका ने कहा, ‘धेमजी में उपजनेवाला लाल धान अपनी उच्च प्रोटीन क्षमता के लिए अमेरिका निर्यात किया जाता है. यह 1,800 प्रति कुंतल दाम पर भेजा जाता है, यह सामान्य से ज्यादा है.’विधानसभा में एक सवाल के लिखित जवाब में उन्होंने कहा कि 2009-10 से 2013-14 के बीच बाढ़ की वजह से 9,22,342 हेक्टेयर कृषि जमीन खराब हो गयी. सबसे अधिक 3,90,946 हेक्टेयर कृषि जमीन 2011-12 में खराब हुई. 2012-13 में 2,69,652 हेक्टेयर तथा 2010-11 में 1,87,220 हेक्टेयर कृषिभूमि बाढ़ से खराब हो गयी.
असम के 14 जिलोंं में सूखे जैसी स्थिति
त्रबाढ़ से नौ लाख हेक्टेयर से अधिक भूमि खराब हुईगुवाहाटी. असम के कृषि मंत्री नीलमणि सेन डेका ने बुधवार को विधानसभा को बताया कि इस वर्ष बारिश की कमी के कारण राज्य के 14 जिलों मेंं सूखे जैसी स्थिति है. उन्होंने कहा कि अभी तक 12 जिलों में सामान्य सामान्य बारिश हुई है और राज्य […]
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