पांच बड़े बैंकों पर 3.2 अरब डॉलर का जुर्माना

लंदन. वैश्विक नियामकों ने अमेरिका और यूरोप के पांच प्रमुख बैंकों पर 3.2 अरब डॉलर (2.5 अरब पौंड) जुर्माना लगाने की घोषणा की है. विदेशी मुद्रा विनिमय बाजारों में कृत्रिम उतार-चढ़ाव लाने का प्रयास करने के लिए इन बैंकों पर यह जुर्माना लगाया गया है. यह भारी भरकम जुर्माना लंदन पर केंद्रित है, जोकि विश्व […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | November 13, 2014 11:03 PM

लंदन. वैश्विक नियामकों ने अमेरिका और यूरोप के पांच प्रमुख बैंकों पर 3.2 अरब डॉलर (2.5 अरब पौंड) जुर्माना लगाने की घोषणा की है. विदेशी मुद्रा विनिमय बाजारों में कृत्रिम उतार-चढ़ाव लाने का प्रयास करने के लिए इन बैंकों पर यह जुर्माना लगाया गया है. यह भारी भरकम जुर्माना लंदन पर केंद्रित है, जोकि विश्व का सबसे बड़ा विदेशी मुद्रा बाजार का केंद्र है, जहां प्रतिदिन 5,300 अरब डॉलर मुद्रा का कारोबार होता है. ब्रिटेन की सरकार ने शहर में ‘भ्रष्टाचार के सफाये’ के लिए इस कदम की सराहना की, क्योंकि वित्तीय केंद्र की प्रतिष्ठा हाल के वर्षों में बुरी तरह प्रभावित हुई है. ब्रिटेन के बैंकों में एचएसबीसी और रायल बैंक ऑफ स्काटलैंड (आरबीएस), अमेरिका के सिटीग्रुप और जेपी मार्गन चेज एवं स्विस बैंक यूबीएस पर यह जुर्माना ब्रिटेन के फाइनेंशियल कंडक्ट अथॉरिटी (एफसीए) और अमेरिका के कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (सीएफटीसी) द्वारा लगाया गया है.