जदयू ने चुनाव आयोग से नीतीश के जनसंवाद कार्यक्रम पर रोक के निर्णय की समीक्षा करने की अपील की

ब्यूरो, नयी दिल्ली. जनता दल यू ने सोमवार को चुनाव आयोग से बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के जनसंवाद कार्यक्रम पर रोक लगाने के निर्णय की समीक्षा करने की अपील की. कहा कि केंद्र सरकार के योग दिवस कार्यक्रम की ही तरह यह भी सरकार का एक कार्यक्रम है जिसे आयोजित किये जाने की इजाजत […]

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ब्यूरो, नयी दिल्ली. जनता दल यू ने सोमवार को चुनाव आयोग से बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के जनसंवाद कार्यक्रम पर रोक लगाने के निर्णय की समीक्षा करने की अपील की. कहा कि केंद्र सरकार के योग दिवस कार्यक्रम की ही तरह यह भी सरकार का एक कार्यक्रम है जिसे आयोजित किये जाने की इजाजत दी जानी चाहिए. जदयू के राज्यसभा सांसद के सी त्यागी और पवन वर्मा ने इस संबंध में यहां मुख्य चुनाव आयुक्त नसीम जैदी से मुलाकात की. मुख्य चुनाव आयुक्त से मुलाकात करने के बाद इन दोनों नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की. ‘ संवाद कार्यक्रम पूरी तरह से सरकार की पहल है. पार्टी का काम नहीं है. कोई कार्यक्रम या नीति की वहां घोषणा नहीं की गयी है. इसका उद्देश्य राज्य के लिए दृष्टि पत्र 2025 तैयार करने के लिए जनता से महज उसकी राय हासिल करना है. चुनाव आयोग ने जन संवाद कार्यक्रम पर रोक लगा दी है, क्यों कि चुनाव आयोग को लगा कि यह जुलाई की शुरुआत में होनेवाले विधान परिषद चुनाव के कारण राज्य में लागू आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करता है. जदयू नेताओं ने कहा कि आयोग ने केंद्र सरकार के योग दिवस कार्यक्रमों को इस परामर्श के साथ इजाजत दे दी कि इसका इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए नहीं किया जाना चाहिए. अगर आयोग नीतीश कुमार की सरकार को अपने इस जनहितवाले कार्यकम को जारी रखने की इजाजत देता है तो राज्य सरकार भी इस तरह की वचनबद्धता के लिए तैयार है.

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