पूर्व विधायक की अंतिम यात्रा में उमड़े लोग

दुर्गापुर : पूर्व विधायक सह अड्डा के पूर्व चेयरमैन डॉ निखिल बनर्जी की अंतिम यात्रा में शामिल होने के लिये लोग उमड़ पड़े. त्रिवेणी घाट में उनका अंतिम संस्कार किया गया. पुत्र प्रियनाथ बनर्जी ने उन्हें मुखाग्नि दी. इससे पहले डॉ निखिल बनर्जी का पार्थिव शरीर गुरुवार सुबह गोपलमाठ उनके आवास से सिटी सेंटर स्थित […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | November 17, 2017 8:14 AM
दुर्गापुर : पूर्व विधायक सह अड्डा के पूर्व चेयरमैन डॉ निखिल बनर्जी की अंतिम यात्रा में शामिल होने के लिये लोग उमड़ पड़े. त्रिवेणी घाट में उनका अंतिम संस्कार किया गया. पुत्र प्रियनाथ बनर्जी ने उन्हें मुखाग्नि दी.
इससे पहले डॉ निखिल बनर्जी का पार्थिव शरीर गुरुवार सुबह गोपलमाठ उनके आवास से सिटी सेंटर स्थित आसनसोल- दुर्गापुर विकास प्राधिकरण कार्यालय के समक्ष लाया गया. वहां उन्हें अंतिम विदाई तथा श्रद्धांजलि देने के लिये लोगों का तांता लग गया. अड्डा के चेयरमैन तापस बनर्जी, महकमा शासक शंख सांतरा, दुर्गापुर नगर निगम के मेयर दिलीप अगस्ती, उपमेयर अनिंदिता मुखर्जी, चेयरमैन मृगेन पाल, सांसद डॉ ममताज संघमित्रा, भातार के विधायक सुभाष मंडल, दुर्गापुर नगर निगम के कमिश्नर अमिताभ दास, नगर निगम के एमआईसी प्रभात चटर्जी, अंकिता चौधरी, राखी तिवारी, धर्मेंद्र यादव, पवित्र चटर्जी, निजाम हुसैन मंडल, पार्षद मानस राय, दीपंकर लाहा, दीपेन माझी, देबू साई, बबीता मुखर्जी, धृति बनर्जी, सुनील चटर्जी, रमा प्रसाद हलदार, सुष्मिता भूई, आशिमा चक्रवर्ती एवं दुर्गापुर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अनुपम मुखर्जी, सचिव देबी दास बनर्जी आदि ने उनके पार्थिव शरीब पर श्रद्धा के फूल अर्पित किये.
अड्डा चेयरमैन तापस बनर्जी ने कहा कि डॉ निखिल बनर्जी बेहद ही सहज इंसान थे. लोगों की मदद को हमेशा आगे रहते थे. उनके कार्यों को हमेशा याद रखा जायेगा. ईश्वर उनकी आत्मा की शांति दें.
उल्लेखनीय है िक 2011 के विधानसभा चुनाव में वह दुर्गापुर पूर्व के विधायक बने थे. राज्य में परिवर्तन की सरकार गठित होने के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अड्डा के चेयरमैन नियुक्त कर विकास कार्यों को अंजाम देने का मौका दिया था. 2015 में शारीरिक अस्वस्थता के कारण उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. लंबे समय से वे बीमार चल रहे थे.
बुधवार सुबह उन्होंने अपने आवास में अंतिम सांस ली. पुत्र के विदेश में रहने के कारण गुरुवार को उनका अंतिम संस्कार किया गया. वे अपने पीछे पत्नी, पुत्र और पुत्री को छोड़ गये हैं.

Next Article

Exit mobile version