सीबीएसई 10वीं और 12वीं की परीक्षा पैटर्न में 2020 से करेगा बदलाव

कोलकाता/नयी दिल्ली : केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) 2020 से होने वाली 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा के प्रश्न-पत्र के प्रारूप में बदलाव करने जा रहा है. इस बदलाव के तहत छात्रों की विश्लेषणात्मक क्षमताओं की जांच हो सकेगी. सीबीएसई द्वारा पेपर पैटर्न में बदलाव करने से विषयों को रटने की प्रक्रिया पर रोक […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | August 24, 2018 2:32 AM
कोलकाता/नयी दिल्ली : केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) 2020 से होने वाली 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा के प्रश्न-पत्र के प्रारूप में बदलाव करने जा रहा है. इस बदलाव के तहत छात्रों की विश्लेषणात्मक क्षमताओं की जांच हो सकेगी. सीबीएसई द्वारा पेपर पैटर्न में बदलाव करने से विषयों को रटने की प्रक्रिया पर रोक भी लगेगी.
सीबीएसई की इस प्रक्रिया में वोकेशनल सब्जेक्ट के टेस्ट पैटर्न और रिजल्ट घोषित करने की प्रकिया पर भी फैसला लिया जायेगा. सीबीएसई के एक अधिकारी ने बताया कि नया एग्जाम पैटर्न विश्लेषणात्मक होगा, जो छात्रों के आंकलन करने की क्षमता को परखने का काम करेगा. उन्होंने कहा कि छात्रों की लर्निंग प्रक्रिया और मानसिक स्तर को बढ़ाना उद्देश्य है. इसलिए अब परीक्षा में एक से पांच अंकों तक के ज्यादा लघु सवाल पूछे जायेंगे.
अधिकारी ने बताया कि स्कूलों के एफिलिएशन और नवीनीकरण के दौरान संस्थानों की एकेडमिक गुणवत्ता पर भी फोकस होगा. स्कूलों में बुनियादी ढांचे के निरीक्षण के लिए बोर्ड मान्यता प्राप्त अधिकारियों की रिपोर्ट पर निर्भर रहेगा. सीबीएसई ने नियमों में बदलाव के लिए मानव संसाधन मंत्रालय को एक प्रपोजल भी भेजा है. इस प्रपोजल में अभी 3-4 महीने का और वक्त लग जायेगा, लेकिन बोर्ड ने अगले सत्र यानी 2020 के लिए 10वीं और 12वीं के प्रश्न-पत्र पैटर्न में बदलाव करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
कैसा होगा प्रश्न-पत्र
प्रॉब्लम सॉल्विंग और विश्लेषणात्मक पैटर्न के होंगे प्रश्न
लघु उत्तरीय प्रश्न ज्यादा होंगे
छात्रों की क्रिटिकल थिंकिंग अबिलिटी को टेस्ट करने पर रहेगा फोकस
ये होंगे बदलाव
वोकेशनल विषयों की परीक्षा अगले सत्र से फरवरी में, जबकि मुख्य विषयों की परीक्षा मार्च में होगी
पेपर के मूल्यांकन के लिए ज्यादा समय मिलेगा और रिजल्ट समय से पहले घोषित किये जायेंगे