फ्लाइओवर के नीचे रहनेवालों को फौरन हटाने का निर्देश, राज्य के शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम ने दिया आदेश

कोलकाता : महानगर में पिछले दिनों माझेरहाट पुल के गिरने की घटना के बाद राज्य सरकार सतर्क हो गई है. इसके बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी फ्लाइओवर व ब्रिज की स्थिति की जांच करने का निर्णय लिया. हालांकि, इस जांच में चौंकाने वाले रिपोर्ट सामने आए हैं. रिपोर्ट में महानगर के 20 […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | September 21, 2018 4:17 AM
कोलकाता : महानगर में पिछले दिनों माझेरहाट पुल के गिरने की घटना के बाद राज्य सरकार सतर्क हो गई है. इसके बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी फ्लाइओवर व ब्रिज की स्थिति की जांच करने का निर्णय लिया. हालांकि, इस जांच में चौंकाने वाले रिपोर्ट सामने आए हैं. रिपोर्ट में महानगर के 20 ब्रिजों की हालत खस्ता बताई गई है. गुरुवार को राज्य के शहरी विकास मंत्री ने महानगर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थित 10 फ्लाइओवर का दौरा किया और उसकी वास्तविक स्थिति की समीक्षा की.
इस मौके पर शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम ने फ्लाइओवर के नीचे रह रहे लोगों को वहां से फौरन हटाने का निर्देश दिया. साथ ही राज्य के लोगों को भी उनके क्षेत्र में स्थित ब्रिजों की जानकारी देने की अपील की. राज्य सरकार ने नया वाट्स एप नंबर 9830037493 जारी किया और लोगों को किसी भी जर्जर ब्रिज के संबंध में ह्वाट्स ऐप के माध्यम से देने का आवेदन किया. मंत्री ने आश्वस्त किया कि वाट्सएप पर ब्रिज के संबंध में जानकारी मिलते ही विभाग द्वारा इस पर कार्रवाई की जायेगी.
गौरतलब है कि शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम गुरुवार को स्वयं रास्ते पर उतरे और उन्होंने विशेषज्ञों की एक टीम के साथ कोलकाता के नौ पुलों की वर्तमान स्थिति का जायजा लिया. इनमें कालीघाट पुल, बिजेन सेतु, ढाकुरिया ब्रिज, बाघाजतीन ब्रिज, डा बीआर अंबेडकर ब्रिज, चिंगड़ीघाटा ब्रिज, उल्टाडांगा ब्रिज, अरोबिंदो सेतु और बंकिम सेतु शामिल है.
कोलकाता के पुलों की स्थिति का जायजा लेने के दौरान आईआईटी विशेषज्ञों की टीम ने साफ तौर पर कह दिया है कि इन नौ पुलों के नीचे या आसपास रहने वालों को फौरन हटाना होगा, जिससे पुलों की मरम्मता के काम में किसी तरह की रुकावट न आने पाये.
माझेरहाट पुल गिरने की घटना के बाद से बंगाल की ममता सरकार ने कोलकाता और राज्य के सभी पुलों की स्थिति का जायजा लेकर उनकी मरम्मत का काम फौरन शुरू करने का फैसला लिया है.