हिडको भूमि आवंटन मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका करने की संभावना

कोलकाता. कलकत्ता उच्च न्यायालय द्वारा हिडको द्वारा राजारहाट-न्यूटाउन में दर्जनों याचिकाकर्ताओं को भूमि आवंटन रद्द किये जाने को सही ठहराने के साथ ही चेयरमैन के कोटे के तहत भूमि आवंटन की प्रक्रिया को आधारहीन बताया है. उच्च न्यायालय के इस फैसले के खिलाफ पूर्व मंत्री व हिडको के पूर्व चेयरमैन गौतम देव ने जल्द सुप्रीम […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | May 14, 2015 10:03 PM

कोलकाता. कलकत्ता उच्च न्यायालय द्वारा हिडको द्वारा राजारहाट-न्यूटाउन में दर्जनों याचिकाकर्ताओं को भूमि आवंटन रद्द किये जाने को सही ठहराने के साथ ही चेयरमैन के कोटे के तहत भूमि आवंटन की प्रक्रिया को आधारहीन बताया है. उच्च न्यायालय के इस फैसले के खिलाफ पूर्व मंत्री व हिडको के पूर्व चेयरमैन गौतम देव ने जल्द सुप्रीम कोर्ट में याचिका किये जाने की बात कही है. गुरुवार को आयोजित संवाददाता सम्मेलन के माध्यम से उन्होंने दावा किया कि सुप्रीम कोर्ट की निर्देशिका के अनुसार ही हिडको द्वारा भूमि आवंटित की गयी. जमीन आवंटित किये जाने को लेकर किसानों को मुआवजा भी दी गयी. यह राशि राज्य सरकार के कोष से नहीं दी गयी थी. ध्यान रहे कि पूर्ववर्ती वाममोरचा की सरकार के कार्यकाल के दौरान भूमि आवंटन की गयी थी. संवाददाता सम्मेलन के दौरान गौतम देव ने भूमि आवंटन के दौरान सुविधा पाने वाले लोगों की एक तालिका प्रकाश की जिसमें कुछ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ ही तृणमूल कांग्रेस के कुछ करीबी और नेताओं के नाम भी शामिल हैं.