अंशुमान
कोलकाता : नोबेल विजेता अर्थशास्त्री अमर्त्य सेन ने कहा है कि भारत में किसी किस्म की असहिष्णुता नहीं है. उन्होंने कहा है कि भारत हमेशा से सहिष्णु राष्ट्र रहा है और आज भी है. उन्होंने कहा कि नेताजी भी सहिष्णुता के समर्थक थे. नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 119वीं जयंती पर एक कार्यक्रम में शिरकत करते हुए अमर्त्य सेन ने यह बातें कही. उन्होंने नेताजी के संदर्भ में कहा कि यह महत्वपूर्ण नहीं है कि नेताजी की मौत किन परिस्थितियों में हुई, महत्वपूर्ण यह है कि वर्तमानपरिस्थितियों में उनके विचारों को देखने की.
उन्होंने कहा कि नेताजी महान नेता, विचारक व राजनीतिज्ञ थे. उनके जीवन का महत्व उसे आत्मसात करने में है. उन्होंने कहा कि नेताजी के विचारों को अपनाना आवश्यक है.
वहीं, कार्यक्रम में शिरकत करते हुए मशहूर फिल्म अभिनेत्री शर्मीला टैगोर ने कहा कि वे बचपन में स्कूल में नेताजी की जयंती मनाती थीं. पर, नेताजी की जयंती पर पहली बार एक बड़े कार्यक्रम में शामिल हो रही हैं. टैगोर ने कहा कि नेताजी का बहुआयामी जीवन प्रेरणा का स्रोत है.
कोलकाता के नेताजी भवन में नेताजी रिसर्च ब्यूरो द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान एक सीडी व एक पुस्तक का विमोचन किया गया. सीडी में नेताजी के प्रिय गीत, कविता व भजन हैं, जिन्हें वे अक्सर सुना करते थे. इनमें से कुछ रचानाएं कविगुरु रविंद्रनाथ टैगोर की है, जबकि पुस्तक का नाम द ओरेकल है, जिसमें नेताजी की जिंदगी से जुड़ी अहम जानकारी है.